दुबई में भारत-न्यूजीलैंड फाइनल के लिए पहले इस्तेमाल की गई पिच होगी प्रयोग, स्पिनरों का चलेगा जादू

दुबई: भारत और पाकिस्तान के बीच 2025 की आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल मुकाबले के लिए पिच का चयन किया जा चुका है। ग्राउंड स्टाफ द्वारा पिच की तैयारियां पूरी की जा चुकी हैं, और अब महज कुछ ही घंटे बाकी हैं जब दोनों टीमें इस ऐतिहासिक मैच में अपनी पूरी ताकत से मैदान पर उतरने के लिए तैयार होंगी। अधिकारियों ने इस पिच पर फैसले को अंतिम रूप दे दिया है, जिसको आगामी रविवार, 9 मार्च को खेले जाने वाले फाइनल के लिए उपयोग किया जाएगा।
पहले से इस्तेमाल की जा चुकी पिच का उपयोग
आधिकारिक रिपोर्टों के अनुसार, आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी 2025 के फाइनल में वही पिच इस्तेमाल की जाएगी जो पहले से इस टूर्नामेंट के दौरान उपयोग में लाई जा चुकी थी। खास बात यह है कि यह वही पिच है, जिसका उपयोग 23 फरवरी को भारत और पाकिस्तान के बीच खेले गए हाई-प्रोफाइल मैच के दौरान भी किया गया था। इस मुकाबले में पाकिस्तान ने पहले बल्लेबाजी की थी, और भारतीय गेंदबाजों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए पाकिस्तान को 49.4 ओवरों में 241 रन पर समेट दिया था।
दुबई में पिच का चयन
टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, अमीरात क्रिकेट बोर्ड ने दुबई में पिचों के लिए अपनी दो सप्ताह के आराम की नीति को बरकरार रखा है। यह ध्यान देने योग्य है कि चैंपियंस ट्रॉफी के पहले इस मैदान पर आईएलटी 20 लीग का आयोजन हुआ था, और इसके बाद पिचों के लिए आईसीसी को कोई अन्य विकल्प नहीं था।
पूर्व भारतीय क्रिकेट कोच और वर्तमान कमेंटेटर, रवि शास्त्री ने इस पिच को लेकर अपना बयान दिया है। उन्होंने कहा कि इस पिच को इस्तेमाल में लाने से पहले दो सप्ताह का आराम लिया गया था, ताकि मैदान पर होने वाले खेल का प्रभाव पिच पर न पड़े। रवि शास्त्री ने यह भी बताया कि आईएलटी 20 के दौरान पिचों का विशेष ध्यान रखा गया था ताकि चैंपियंस ट्रॉफी में कोई समस्या न हो। इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि दुबई में बढ़ते तापमान के साथ स्पिन गेंदबाजी फाइनल के लिए महत्वपूर्ण होगी।
पिच की देखभाल में विशेष ध्यान
रवि शास्त्री के मुताबिक, दुबई की पिच पर की गई तैयारियों ने यह सुनिश्चित किया है कि वह स्पिन गेंदबाजों के लिए लाभकारी साबित हो सकती है। इसके साथ ही आउटफील्ड की हरी-भरी स्थिति को लेकर भी विशेष ध्यान दिया गया था, जो कि क्रिकेट मैच के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। शास्त्री ने इस बात पर भी जोर दिया कि दुबई में तापमान के बढ़ने के कारण स्पिन गेंदबाजी की भूमिका और महत्वपूर्ण हो गई है।
भारत-पाकिस्तान मुकाबला: लो-स्कोरिंग मैच
भारत और पाकिस्तान के बीच खेले गए पिछले मैच को लेकर बात करें, तो यह मुकाबला काफी लो-स्कोरिंग साबित हुआ था। पाकिस्तान ने पहले बल्लेबाजी करते हुए भारत को 242 रन का लक्ष्य दिया था। भारत ने इस लक्ष्य को सिर्फ 42.3 ओवर में हासिल कर लिया था। मैच में भारत के स्पिनर्स ने अच्छा प्रदर्शन किया था, और पाकिस्तान को जल्द ही आउट करने में सफलता पाई थी।
दुबई का रिकॉर्ड और तेज गेंदबाजों का दबदबा
दुबई अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम की पिच पर अब तक कुल 860 विकेट गिरे हैं, जिनमें से तेज गेंदबाजों ने 493 विकेट प्राप्त किए हैं, जबकि स्पिन गेंदबाजों को 350 विकेट मिले हैं। 2023 वनडे विश्व कप फाइनल के बाद से यहां कुल 9 मैच खेले गए हैं, जिसमें से तेज गेंदबाजों ने 70 विकेट लिए हैं और स्पिनर्स ने 50 विकेट। यह आंकड़े यह दर्शाते हैं कि दुबई की पिच तेज गेंदबाजों के लिए अधिक उपयुक्त है, जो आगामी चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल में महत्वपूर्ण साबित हो सकते हैं।
भारत का रिकॉर्ड दुबई में
अब तक भारत ने दुबई अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम में कुल 10 वनडे मैच खेले हैं, जिनमें से उसने 9 मैच जीतने में सफलता प्राप्त की है। वहीं, एक मैच टाई रहा है। भारत ने यहां अपनी प्रभावशाली जीत की धारा को बनाए रखा है, जो उसे आगामी फाइनल में एक मानसिक फायदा दे सकता है। दूसरी ओर, न्यूजीलैंड ने दुबई में तीन मैच खेले हैं, जिनमें से उसे दो मैचों में हार का सामना करना पड़ा है।
चैंपियंस ट्रॉफी में भारत और न्यूजीलैंड का इतिहास
भारत और न्यूजीलैंड की टीमें पहले भी 2000 में चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल में आमने-सामने आ चुकी हैं। 25 साल बाद, अब टीम इंडिया को उस हार का बदला लेने का मौका मिल रहा है, और वे इस बार फाइनल में अपनी पूरी ताकत से उतरने के लिए तैयार हैं।
दुबई अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम के आंकड़े
- सबसे बड़ा स्कोर: 355/5 (इंग्लैंड vs पाकिस्तान, साल 2015)
- सबसे कम टोटल: 91 रन (नामीबिया vs यूएई, साल 2023)
- सबसे ज्यादा रन: 424 रन (रिची बेरिंग्टन)
- सबसे ज्यादा शतक: 2 (केविन पीटरसन)
- सबसे ज्यादा अर्धशतक: 4 (जतिंदर सिंह)
- सबसे ज्यादा विकेट: 25 (शाहिद अफरीदी)