National

गणतंत्र दिवस 2025: वीरता और विशिष्ट सेवा के लिए 942 पुलिस, अग्निशमन, होम गार्ड और नागरिक सुरक्षा कर्मियों को सम्मानित

नई दिल्ली: गणतंत्र दिवस 2025 के मौके पर भारतीय सरकार ने 942 पुलिस, अग्निशमन, होम गार्ड और नागरिक सुरक्षा से जुड़े कर्मियों को वीरता और विशिष्ट सेवा पदकों से सम्मानित किया है। इन पुरस्कारों में 95 वीरता पदक, 101 राष्ट्रपति पदक (विशिष्ट सेवा के लिए) और 746 सराहनीय सेवा के पदक शामिल हैं। यह सम्मान उन कर्मियों को दिया गया है जिन्होंने विभिन्न सुरक्षा, बचाव और सुधार कार्यों में उत्कृष्टता दिखाई है।

वीरता पुरस्कार के प्राप्तकर्ता

गणतंत्र दिवस पर दिए गए 95 वीरता पुरस्कारों में से अधिकांश पदक नक्सल प्रभावित क्षेत्रों, जम्मू कश्मीर, उत्तर-पूर्वी राज्यों और अन्य संवेदनशील क्षेत्रों में तैनात जवानों को दिए गए। इनमें 28 जवान नक्सली क्षेत्रों, 28 जम्मू कश्मीर, 3 उत्तर-पूर्वी राज्यों और 36 अन्य क्षेत्रों के जवान शामिल हैं। इस श्रेणी में 78 पुलिसकर्मी और 17 अग्निशमन सेवा के कर्मचारी शामिल हैं।

वीरता पुरस्कार उन जवानों को दिए जाते हैं जिन्होंने अपनी जान की परवाह किए बिना राष्ट्र की सेवा में अत्यधिक साहस और बहादुरी का परिचय दिया। विशेष रूप से नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में तैनात जवानों को इस सम्मान के लिए चुना गया है, जिन्होंने अपनी वीरता से कानून व्यवस्था बनाए रखने में अहम भूमिका निभाई है।

राज्यवार वीरता पुरस्कार

वीरता पुरस्कार की प्राप्ति में विभिन्न राज्यों के कर्मियों ने भी महत्वपूर्ण योगदान दिया। छत्तीसगढ़ के 11, ओडिशा के 6, उत्तर प्रदेश के 17, और जम्मू कश्मीर के 15 पुलिस जवानों को वीरता पुरस्कार से नवाजा गया। इसके अतिरिक्त, असम राइफल्स के 1, बीएसएफ के 5, सीआरपीएफ के 19, एसएसबी के 4 जवानों को भी वीरता पुरस्कार दिए गए हैं। फायर डिपार्टमेंट के कर्मियों में उत्तर प्रदेश के 16 और जम्मू-कश्मीर के 1 कर्मचारी को सम्मानित किया गया।

विशिष्ट सेवा पुरस्कार

विशिष्ट सेवा पुरस्कार (President’s Medal for Distinguished Service) 101 कर्मियों को दिए गए, जिनमें 85 पुलिसकर्मी, 5 अग्निशमन सेवा के कर्मचारी, 7 नागरिक सुरक्षा-होम गार्ड और 4 सुधार सेवा (Reforms Department) के कर्मचारी शामिल हैं। यह पुरस्कार उन कर्मियों को दिया गया जिन्होंने अपनी सेवाओं के दौरान उत्कृष्ट कार्य किए और सार्वजनिक सुरक्षा और सेवा में महत्वपूर्ण योगदान दिया।

विशिष्ट सेवा पुरस्कार प्राप्तकर्ता: राज्यवार वितरण

विशिष्ट सेवा पुरस्कारों में विभिन्न राज्यों और विभागों का योगदान उल्लेखनीय है। अरुणाचल प्रदेश, असम, छत्तीसगढ़, हरियाणा, केरल, मणिपुर, मिजोरम, नागालैंड, राजस्थान, सिक्किम, त्रिपुरा, पुडुचेरी, असम राइफल्स, एनएसजी, पुलिस अनुसंधान एवं विकास ब्यूरो, एनडीआरएफ, एनसीआरबी, संसदीय मंत्रालय, रेलवे प्रोटेक्शन, कर्नाटक, ओडिशा, मध्य प्रदेश और उत्तराखंड के कर्मियों को एक-एक पुरस्कार मिला।

इसके अतिरिक्त, कुछ राज्यों और विभागों ने विशिष्ट सेवा के तहत दो-दो पुरस्कार प्राप्त किए। इनमें बिहार, गुजरात, कर्नाटका, ओडिशा, पंजाब, तमिलनाडु, तेलंगाना, पश्चिम बंगाल, जम्मू कश्मीर, सीआईएसएफ, एसएसबी, केरल (फायर डिपार्टमेंट), और उत्तर प्रदेश (होम गार्ड) शामिल हैं।

सराहनीय सेवा पुरस्कार

सराहनीय सेवा पुरस्कार (Meritorious Service Medal) के तहत 746 पदकों का वितरण किया गया। इनमें से 634 पुरस्कार पुलिस सेवा के कर्मियों को, 37 पुरस्कार अग्निशमन सेवा के कर्मियों को, 39 नागरिक सुरक्षा-होम गार्ड के कर्मचारियों को और 36 सुधार सेवा के कर्मियों को प्रदान किए गए हैं। यह पुरस्कार उन कर्मियों को दिया गया जिन्होंने अपनी कर्तव्यनिष्ठा और ईमानदारी से प्रशासनिक कार्यों में उत्कृष्टता हासिल की है।

राज्यवार सराहनीय सेवा पुरस्कार

सराहनीय सेवा पुरस्कार प्राप्त करने वालों में भी विभिन्न राज्यों और विभागों का योगदान दिखाई देता है। दिल्ली पुलिस, आईटीबीपी, उत्तर प्रदेश (सुधार सेवा) को 3-3 पुरस्कार मिले, जबकि मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र से 4-4 पुरस्कार मिले। उत्तर प्रदेश पुलिस और बीएसएफ को 5-5, सीआरपीएफ और सीबीआई को 6-6, और आईबी को 8 पुरस्कार दिए गए।

इस सूची में बिहार, गुजरात, कर्नाटका, ओडिशा, पंजाब, तमिलनाडु, तेलंगाना, पश्चिम बंगाल, जम्मू कश्मीर, सीआईएसएफ, एसएसबी, केरल, ओडिशा और उत्तर प्रदेश (होम गार्ड) को दो-दो पुरस्कार प्राप्त हुए हैं।

पुरस्कारों का महत्व

इन पुरस्कारों का उद्देश्य देश की सुरक्षा, कानून व्यवस्था, और नागरिकों की सुरक्षा में योगदान देने वाले कर्मियों के साहस, मेहनत और प्रतिबद्धता को पहचानना है। यह उन्हें और अन्य लोगों को प्रेरित करने का काम करता है कि वे अपने कर्तव्यों को और अधिक निष्ठा और समर्पण से निभाएं। इन पुरस्कारों से यह भी सिद्ध होता है कि हमारे सुरक्षा बल हर परिस्थिति में अपनी जान की बाजी लगाकर देश और समाज की सेवा में तत्पर रहते हैं।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button