CM धामी ने हेली सेवाओं का किया शुभारंभ, उत्तराखंड में बेहतर कनेक्टिविटी का वादा

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार को उत्तराखंड में चार नई हेली सेवाओं का हरी झंडी दिखाकर शुभारंभ किया। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने कहा कि इन हेली सेवाओं से राज्य में पर्यटन और आर्थिक विकास को बढ़ावा मिलेगा। इसके तहत देहरादून से नैनीताल, बागेश्वर, मसूरी और हल्द्वानी से बागेश्वर तक हवाई संपर्क स्थापित किया गया है। इस नई शुरुआत से न केवल पर्यटकों के लिए यात्रा करना आसान होगा, बल्कि स्थानीय लोगों के लिए भी जीवन में सकारात्मक बदलाव आएंगे।
उड़ान योजना के तहत नई हेली सेवाओं की शुरुआत
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हेली सेवाओं के शुभारंभ के बाद कहा कि यह कदम राज्य में पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ-साथ आर्थिक स्थिति को मजबूत करने में भी सहायक होगा। उन्होंने कहा कि उड़ान योजना के अंतर्गत शुरू की गई इन चार हेली सेवाओं से उत्तराखंड के प्रमुख पर्यटन स्थलों और धार्मिक क्षेत्रों को जोड़ने में मदद मिलेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा, “राज्य के पर्यटन स्थल जैसे नैनीताल, बागेश्वर और मसूरी न केवल सांस्कृतिक और आध्यात्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण हैं, बल्कि इन क्षेत्रों की प्राकृतिक सुंदरता, शांत वादियाँ और ऐतिहासिक स्थल भी पर्यटकों को आकर्षित करते हैं। इन क्षेत्रों में हेली सेवाओं का संचालन स्थानीय लोगों और पर्यटकों दोनों के लिए वरदान साबित होगा।”
पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
नैनीताल, बागेश्वर, और मसूरी को पर्यटन के लिहाज से महत्वपूर्ण स्थल माना जाता है। नैनीताल की प्रसिद्ध झीलों, नयना देवी शक्तिपीठ और कैंची धाम जैसे धार्मिक स्थलों के कारण यह स्थान देश-विदेश के पर्यटकों के बीच प्रसिद्ध है। वहीं, बागेश्वर का क्षेत्र अपनी प्राकृतिक सुंदरता और पवित्र बागनाथ मंदिर के लिए जाना जाता है। यहां हर साल उत्तरायणी मेला आयोजित होता है, जो एक प्रमुख सांस्कृतिक आयोजन है।
अब इन हेली सेवाओं के शुभारंभ के बाद, पर्यटक इन स्थानों तक पहुंचने में आसानी महसूस करेंगे। देहरादून से इन स्थानों तक पहुंचने के लिए पहले सड़क मार्ग से 8 से 10 घंटे का समय लगता था, जबकि हेली सेवा के माध्यम से यह यात्रा अब केवल एक घंटे में की जा सकेगी। इससे इन क्षेत्रों में पर्यटन को और भी बढ़ावा मिलेगा, साथ ही इन क्षेत्रों की प्राकृतिक और सांस्कृतिक धरोहरों का आनंद लेने के लिए पर्यटकों को अब ज्यादा समय नहीं गवाना पड़ेगा।
इमरजेंसी सेवाओं को मिलेगा लाभ
मुख्यमंत्री ने कहा कि हेली सेवाओं का न केवल पर्यटन के लिए बल्कि इमरजेंसी सेवाओं के लिए भी लाभकारी साबित होगा। इस सेवा के शुरू होने से किसी भी आपातकालीन स्थिति में इन क्षेत्रों के लोग जल्दी और आसानी से मदद प्राप्त कर सकेंगे। हेली सेवा के जरिए पहाड़ी इलाकों में इलाज के लिए या अन्य इमरजेंसी स्थितियों में समय की बचत हो सकेगी, जिससे जीवन रक्षक सेवाओं में आसानी होगी।
उड़ान योजना का महत्व
मुख्यमंत्री धामी ने इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू की गई उड़ान योजना का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि इस योजना का मुख्य उद्देश्य आम आदमी को हवाई यात्रा करने में सक्षम बनाना था, और आज उत्तराखंड में इस योजना का असर साफ देखा जा सकता है। उड़ान योजना के तहत राज्य के कई हिस्सों में हवाई संपर्क मजबूत हुआ है, जिससे लोग अब दूरदराज के क्षेत्रों में बिना किसी परेशानी के यात्रा कर सकते हैं।
हेलीपोर्ट्स और हेली सेवाओं का विस्तार
उत्तराखंड में हेली सेवाओं के विस्तार के लिए 18 हेलीपोर्ट्स का निर्माण किया जा रहा है, जिनमें से अब तक 12 हेलीपोर्ट्स पर हेली सेवाएं सफलतापूर्वक शुरू की जा चुकी हैं। इन हेली सेवाओं के माध्यम से गौचर, श्रीनगर, चिन्यालीसौड़, हल्द्वानी, मुन्स्यारी, पिथौरागढ़, पंतनगर, चंपावत और अल्मोड़ा जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्र अब आपस में जुड़े हुए हैं।
यह हेली सेवाएं ना केवल पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए हैं, बल्कि यह राज्य के विकास को भी नई दिशा प्रदान करेंगी। इन सेवाओं के माध्यम से राज्य में कनेक्टिविटी और बेहतर होगी, जिससे राज्य के विभिन्न हिस्सों के बीच आर्थिक और सामाजिक संबंध मजबूत होंगे।