उत्तराखंड विधानसभा बजट सत्र की शुरुआत आज, राज्यपाल के अभिभाषण से होगी उद्घाटन

देहरादून, 18 फरवरी 2025: उत्तराखंड विधानसभा का बजट सत्र आज मंगलवार से शुरू होने जा रहा है। इस सत्र का उद्घाटन राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेनि) के अभिभाषण से होगा। 20 फरवरी को प्रदेश सरकार वित्तीय वर्ष 2025-26 का आम बजट पेश करेगी। खास बात यह है कि पहली बार इस सत्र का आयोजन ई-विधानसभा में किया जा रहा है, जिससे राज्य के विधायकों को डिजिटल माध्यम से सत्र संचालन का अनुभव होगा। विधानसभा सचिवालय ने इस सत्र के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं, और विधानसभा परिसर के अंदर तथा बाहर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रखी जाएगी।
विधानसभा सत्र के एजेंडे पर चर्चा
प्रदेश सरकार ने विधानसभा सत्र के संचालन के लिए 18 से 20 फरवरी तक एजेंडा तय किया है। कार्यमंत्रणा समिति की बैठक में यह तय किया गया कि सत्र की शुरुआत राज्यपाल के अभिभाषण से होगी। इसके बाद अभिभाषण पर चर्चा और धन्यवाद प्रस्ताव होगा। विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूड़ी भूषण ने कहा कि उनका प्रयास है कि इस सत्र में राज्य के विकास और जनहित से जुड़े मुद्दों पर ज्यादा से ज्यादा चर्चा हो, ताकि प्रदेश की जनता को उनके सवालों का जवाब मिल सके।
सत्र की शुरुआत के साथ ही राज्यपाल गुरमीत सिंह का अभिभाषण होगा, जिसमें राज्य सरकार के पिछले सालों के कार्यों का विवरण दिया जाएगा और आगामी योजनाओं का खाका पेश किया जाएगा। इसके बाद, विधानसभा सदस्य इस अभिभाषण पर चर्चा करेंगे और इसके लिए धन्यवाद प्रस्ताव लाया जाएगा।
पहली बार ई-विधानसभा में होगा सत्र
इस बार विधानसभा का सत्र पूरी तरह से डिजिटल रूप से आयोजित किया जाएगा। पहले जहां विधानसभा में सदस्यों को दस्तावेज़ों, प्रश्नों और एजेंडों के लिए कागजों का इस्तेमाल करना पड़ता था, वहीं इस बार डिजिटल प्रणाली का इस्तेमाल किया जाएगा। इस पहल को “पेपरलेस सत्र” कहा जा रहा है, और इसके तहत सभी सदस्यों को टैबलेट प्रदान किए गए हैं। इसके माध्यम से ही उन्हें एजेंडा और प्रश्नों की जानकारी दी जाएगी।
ऋतु खंडूड़ी भूषण ने इस पहल को सकारात्मक कदम बताते हुए कहा कि इसका उद्देश्य विधानसभा की कार्यवाही को अधिक पारदर्शी और पर्यावरण के प्रति उत्तरदायी बनाना है। ई-विधानसभा से सदस्यों को सत्र की कार्यवाही को आसान और त्वरित तरीके से समझने और उस पर प्रतिक्रिया देने का मौका मिलेगा।
वित्त मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल का बजट 20 फरवरी को
20 फरवरी को वित्त मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल राज्य के वित्तीय वर्ष 2025-26 का बजट पेश करेंगे। सूत्रों के अनुसार, इस बजट का आकार एक लाख करोड़ रुपये से अधिक होने का अनुमान है। बजट में सरकार का मुख्य फोकस महिलाओं, युवाओं, गरीबों, किसानों और अवस्थापना विकास पर रहेगा। प्रदेश सरकार द्वारा किए गए विभिन्न विकास कार्यों के तहत ये क्षेत्र सबसे अधिक प्रभावित हुए हैं, और इस बार के बजट में इन वर्गों के लिए कई योजनाओं का ऐलान हो सकता है।
इसके अलावा, सरकार ने इस बजट में प्रदेश के ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में समग्र विकास को ध्यान में रखते हुए कई नई योजनाओं का प्रस्ताव करने का विचार किया है।
विधायिका में पेश किए जाएंगे दो विधेयक और तीन अध्यादेश
विधानसभा सत्र के दौरान प्रदेश सरकार द्वारा दो विधेयक और तीन अध्यादेश भी पेश किए जाएंगे। जिन विधेयकों को सदन में पेश किया जाएगा, उनमें उत्तराखंड नगर निकायों एवं प्राधिकरणों के लिए विशेष प्रावधान (संशोधन) विधेयक 2025 और उत्तराखंड निक्षेपक जमाकर्ता हित संरक्षण (वित्तीय संस्थानों में) निरसन विधेयक 2025 शामिल हैं।
इसके अलावा, राज्य सरकार उत्तराखंड राज्य क्रीड़ा विश्वविद्यालय अध्यादेश-2024, उत्तराखंड नगर निकायों एवं प्राधिकरणों के लिए विशेष प्रावधान संशोधन अध्यादेश-2024, और उत्तराखंड (उत्तर प्रदेश नगर निगम अधिनियम 1959) द्वितीय संशोधन अध्यादेश-2024 को भी विधानसभा में पेश करेगी। इन विधेयकों और अध्यादेशों का उद्देश्य प्रदेश के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में बेहतर शासन और प्रशासन को सुनिश्चित करना है।
सदन संचालन को लेकर राज्य सरकार का संकल्प
संसदीय कार्य मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल ने इस अवसर पर कहा कि प्रदेश सरकार विपक्ष के हर सवाल का जवाब देने के लिए तैयार है। उन्होंने कहा कि इस सत्र में व्यवसाय बहुत कम है, और हमारी कोशिश यह होगी कि हम इस सत्र के दौरान सभी आवश्यक कार्यों को पूरा कर लें। राज्य सरकार ने यह सुनिश्चित किया है कि सदन में किसी प्रकार की कोई बाधा न आए और सत्र शांति और गरिमा के साथ चले।
सुरक्षा इंतजामों पर विशेष ध्यान
सदन की कार्यवाही को निर्विघ्न रूप से चलाने के लिए विधानसभा परिसर के अंदर और बाहर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की जाएगी। विधानसभा सचिवालय ने पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियों के साथ मिलकर सुरक्षा व्यवस्था को सुनिश्चित किया है। इसके अलावा, विधानसभा भवन के आस-पास के क्षेत्र में निगरानी के लिए सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं और सुरक्षाकर्मियों की संख्या भी बढ़ाई गई है।
विधानसभा अध्यक्ष की पहल
विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूड़ी भूषण ने भी इस सत्र को लेकर अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि उनका उद्देश्य यह है कि सदन की कार्यवाही शांतिपूर्ण और गरिमामय तरीके से चले। उन्होंने विधानसभा के सभी दलों से सहयोग की अपील की है, ताकि राज्य के विकास और जनहित के मुद्दों पर खुलकर चर्चा हो सके।